आज की ताजा खबर, 14 जुलाई 2026 हिंदी न्यूज़ लाइव: US-ईरान एक दूसरे पर कर रहे हमले, E20 पेट्रोल पर नितिन गडकरी का नया बयान...मोदी के मेलबर्न कार्यक्रम के आयोजकों ने राहुल गांधी और खड़गे से कहा- माफी मांगो
आज की ताजा खबर लाइव, 14 जुलाई 2026 ब्रेकिंग हिंदी न्यूज़ [US-ईरान युद्ध], [राम मंदिर विवाद], [E20 पेट्रोल विवाद] के मुख्य समाचार Latest News in Hindi: होर्मुज जलडमरूमध्य में यूएई के दो तेल टैंकरों ('मोम्बासा' और 'अल बहिया') पर हुए क्रूज मिसाइल हमले के बाद ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने दावा किया है कि इन जहाजों ने नौसेना की चेतावनियों को नजरअंदाज किया और अपना नेविगेशन सिग्नल बंद कर प्रतिबंधित मार्ग से जाने का प्रयास किया। वहीं, तेल टैंकरों पर हमले के जवाब में अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने ईरान के भीतर 5 घंटे तक बड़ा हवाई हमला किया। इसके अलावा देश में E20 (20% इथेनॉल मिश्रित) पेट्रोल के आने के बाद गाड़ियों के माइलेज में आ रही गिरावट पर केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का बयान सामने आया है।
आज की ताजा खबर (Aaj Ki Taaja Khabar), Latest Breaking Hindi News (ब्रेकिंग हिंदी न्यूज़), [US-ईरान युद्ध], [राम मंदिर विवाद], [E20 पेट्रोल विवाद] के मुख्य समाचार (Aaj Ke Mukhya Samachar) LIVE: होर्मुज जलडमरूमध्य में यूएई के दो तेल टैंकरों ('मोम्बासा' और 'अल बहिया') पर हुए क्रूज मिसाइल हमले के बाद ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने दावा किया है कि इन जहाजों ने नौसेना की चेतावनियों को नजरअंदाज किया और अपना नेविगेशन सिग्नल बंद कर प्रतिबंधित मार्ग से जाने का प्रयास किया। इस मिसाइल हमले में जहाज पर सवार एक भारतीय नाविक की मौत हो गई थी, जिसके बाद ईरान ने अमेरिका पर जहाजों को उकसाने का आरोप लगाया है। वहीं, तेल टैंकरों पर हमले के जवाब में अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने ईरान के भीतर 5 घंटे तक बड़ा हवाई हमला किया। अमेरिकी सेना ने सटीक हथियारों से ईरान के चाह बहार, बुशहर, जास्क और बंदर अब्बास जैसे रणनीतिक तटीय ठिकानों पर बमबारी कर उनके मिसाइल और ड्रोन लॉन्चिंग पैड्स को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया है। इसके अलावा देश में E20 (20% इथेनॉल मिश्रित) पेट्रोल के आने के बाद गाड़ियों के माइलेज में आ रही गिरावट पर केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा है कि आम गाड़ी मालिक खुद से सटीक माइलेज नहीं नाप सकते। उन्होंने उपभोक्ताओं को सलाह दी है कि ईंधान दक्षता की सही जांच के लिए वे केवल ऑटोमोबाइल कंपनियों के अधिकृत डीलरों के टेस्ट और मानकों पर ही भरोसा करें।
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माता वैष्णो देवी के दरबार में चढ़ाई गई 550 करोड़ की नकली चांदी का मामला
कोर्ट ने 29 जुलाई को अगली सुनवाई के दौरान जांच अधिकारी को व्यक्तिगत तौर पर पेश होने का आदेश दिया है। यहां बता दें कि मां वैष्णो देवी के दरबार में 20 टन से अधिक चांदी भक्तों द्वारा चढ़ाई गई थी। इसकी बाजार में कीमत 550 करोड़ के आसपास बैठती है।
बोर्ड ने चांदी को गलाने के लिए भेजा तो उसमें पांच से छह प्रतिशत ही चांदी निकली। बताया गया कि शेष कैडमियम और लोहा जैसे तत्व हैं। अर्थात ज्यादातर चांदी नकली ही निकली। यह मामला सामने आने के बाद जम्मू के एडवोकेट दीपक शर्मा ने नौ मई को पुलिस महानिरीक्षक (क्राइम ब्रांच) और एसएसपी आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) जम्मू को विस्तृत शिकायत देकर एफआइआर दर्ज करने तथा मामले की जांच की मांग की थी।
उन्होंने आशंका जताई थी कि श्रद्धालुओं द्वारा मां के दरबार में चढ़ाई गई चांदी में मिलावट की गई है या उसकी अदला-बदली की गई है। इसमें हेर-फेर की आशंका को देखते हुए उन्होंने इस मामले की विस्तृत जांच की मांग की थी। पुलिस की जांच इस मामले में आगे नहीं बढ़ी तो उन्होंने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया और एफआइआर दर्ज कर जांच की मांग की।
कोर्ट के निर्देश पर क्राइम ब्रांच ने स्टेटस रिपोर्ट में बताया कि क्राइम मुख्यालय श्रीनगर से स्वीकृति के बाद इसे जोनल पुलिस मुख्यालय जम्मू को भेजा गया है। इस पर याचिकाकर्ता ने आपत्ति जताते हुए दलील दी कि आर्थिक अपराध शाखा जम्मू का अपना पुलिस थाना है और उसे शिकायत पर कार्रवाई करनी चाहिए थी।
उन्होंने कहा कि रिपोर्ट में महत्वपूर्ण सुबूतों को सुरक्षित रखने के लिए उठाए गए किसी भी कदम का उल्लेख नहीं है। इसके बाद जम्मू के चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट ने जांच अधिकारी को पूरा रिकॉर्ड लेकर 29 जुलाई को व्यक्तिगत रूप से कोर्ट में उपस्थित होने का आदेश दिया।
ईरान पर अमेरिकी हमले तेज, तेहरान ने होर्मुज में यूएई के टैंकरों और बहरीन को निशाना बनाया
ट्रंप ने संकेत दिया है कि अमेरिका जलडमरूमध्य से सुरक्षित गुजरने वाले अन्य देशों के जहाजों से शुल्क वसूलेगा, जो समुद्री मार्गों पर निर्बाध और स्वतंत्र नौवहन का समर्थन करने वाली अमेरिका की सदियों पुरानी नीति से बिल्कुल अलग है।
इस बीच, ईरान ने बहरीन और जलडमरूमध्य से गुजर रहे संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) से जुड़े दो तेल टैंकरों पर हमले किए। इन हमलों में एक नाविक की मौत हो गई, जबकि आठ अन्य घायल हो गए। यूएई ने इन हमलों का जवाब देने की चेतावनी दी है।
ये घटनाएं ऐसे समय में हुई हैं जब ईरान और अमेरिका दोनों ही उस जलडमरूमध्य पर प्रभाव स्थापित करने की कोशिश कर रहे हैं, जिसके रास्ते दुनिया के लगभग पांचवें हिस्से का कच्चा तेल और प्राकृतिक गैस का परिवहन होता है।
इन घटनाओं के बाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमत बढ़कर एक महीने के उच्चतम स्तर 84 अमेरिकी डॉलर से ऊपर पहुंच गई। हालांकि यह युद्ध के चरम के दौरान हुई लगभग 120 डॉलर से अब भी कम है, फिर भी इससे दुनिया भर में महंगाई बढ़ने की आशंका है।
’अमेरिकी सेंट्रल कमांड’ ने सोशल मीडिया पर जानकारी दी कि अमेरिकी सेना ने ईरान के खिलाफ नए हवाई हमले शुरू किए हैं।
अमेरिकी सेना ने कहा, ’’ये हमले ईरानी सैन्य बलों पर भारी पड़ेंगे और उन्हें होर्मुज जलडमरूमध्य में निर्दोष नागरिकों तथा व्यावसायिक जहाजों पर हमला करने की क्षमता से वंचित करेंगे।"
सैन्य घोषणा के कुछ ही क्षण बाद राष्ट्रपति ट्रंप ने इसे "एक और बड़ा हमला" बताया।
ट्रंप ने ओवल ऑफिस में संवाददाताओं से कहा, "हम उन पर ज़ोरदार हमला कर रहे हैं। यह कार्रवाई जारी रहेगी और आगे क्या होता है, यह देखा जाएगा। हम उनकी लगभग सारी आक्रामक क्षमता को नष्ट कर रहे हैं और जलडमरूमध्य पर नियंत्रण स्थापित कर रहे हैं। हम फिर से नाकाबंदी कर रहे हैं।’’
ट्रंप ने यह भी बताया कि उनकी सरकार अब जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाज़ों से सुरक्षा के बदले शुल्क वसूलने की योजना बना रही है, जबकि पहले उन्होंने संकेत दिया था कि ऐसा नहीं किया जाएगा।
उन्होंने कहा, "हम दुनिया के एक अत्यंत समृद्ध और महत्वपूर्ण क्षेत्र की सुरक्षा कर रहे हैं। इस पर हमारा भारी खर्च हो रहा है, इसलिए अब हमें इस सुरक्षा के लिए भुगतान किया जाए।’’
इसे अमेरिका की पारंपरिक नीति में बड़ा बदलाव माना जा रहा है। अब तक अमेरिका का रुख यह रहा है कि जलडमरूमध्य सभी देशों के जहाज़ों के लिए बिना किसी शुल्क के खुला रहना चाहिए, जैसा कि 28 फ़रवरी को अमेरिका और इज़राइल द्वारा ईरान पर हमले से पहले था।
यदि अमेरिका या ईरान जहाज़ों से शुल्क वसूलने की कोशिश करते हैं, तो इसे समुद्री स्वतंत्रता के अंतरराष्ट्रीय सिद्धांतों के विरुद्ध माना जाएगा और इससे क्षेत्रीय तनाव तथा वैश्विक आर्थिक अस्थिरता और बढ़ सकती है।
इस बीच संयुक्त अरब अमीरात के रक्षा मंत्रालय ने मंगलवार तड़के बताया कि ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य में ’मोम्बासा’ और ’अल बहियाह’ नामक दो तेल टैंकरों पर हमला किया, जिसमें एक नाविक की मौत हो गई और आठ अन्य घायल हो गए।
मंत्रालय के अनुसार, ईरान ने इन दोनों टैंकरों पर दो क्रूज़ मिसाइलें दागीं। हमलों के बाद दोनों जहाज़ों में आग लग गई, जिसे बाद में बुझा लिया गया।
ईरान के अर्धसैनिक बल रिवोल्यूशनरी गार्ड ने इन हमलों की ज़िम्मेदारी लेते हुए कहा कि इन जहाज़ों ने "बार-बार दी गई चेतावनियों की अनदेखी की थी।"
रिवोल्यूशनरी गार्ड ने एक बयान में कहा, "उन्होंने बारूदी सुरंगों वाले क्षेत्र से गुजरने का निर्णय लिया और परिणामस्वरूप उन्हें निशाना बनाकर निष्क्रिय कर दिया गया।"
इधर, अमेरिकी हवाई हमलों के जवाब में मंगलवार सुबह बहरीन पर भी ईरान ने फिर से हमला किया। बहरीन में दो बार मिसाइल चेतावनी सायरन बजाए गए और लोगों से सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की गई। फिलहाल किसी प्रकार के नुकसान या हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई है।
यूएई के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि टैंकरों पर हुए हमले में एक भारतीय नागरिक की मौत हो गई, जबकि छह भारतीय और दो यूक्रेनी नागरिक घायल हुए है।
मंत्रालय ने कहा, "संयुक्त अरब अमीरात इस गंभीर उकसावे का जवाब देने और अपने क्षेत्र, नागरिकों तथा निवासियों की सुरक्षा के लिए सभी आवश्यक कदम उठाने का पूरा अधिकार सुरक्षित रखता है।’’
