Oct 14, 2026
इस धरती पर तरह-तरह की शिकारी मछलियां पाई जाती हैं। इनमें से कई मछलियों के शिकार की अलग-अलग टेक्निक होती है।
Credit: iStock
आज हम आपको एक ऐसी मछली के बारे में बताएंगे, जो शिकार पकड़ने के लिए पानी से बाहर छलांग लगाने के बजाय पानी की धार का इस्तेमाल करती है।
Credit: iStock
इस मछली का नाम है आर्चरफिश है। यह मछली पानी के ऊपर बैठे कीड़ों को अपना शिकार बनाती है और उन्हें पानी के अंदर से ही निशाना बनाकर नीचे गिरा देती है।
Credit: iStock
आर्चरफिश की कई प्रजातियां दक्षिण-पूर्व एशिया और ऑस्ट्रेलिया के आसपास पाई जाती हैं। ये मैंग्रोव, खारे-मीठे मिले-जुले पानी और तटीय इलाकों में रहती हैं।
Credit: iStock
यह मछली शिकार करने के अपने अनोखे अंदाज की वजह से ही जानी जाती है। इस मछली के मुंह और शरीर की बनावट पानी को तेज धार के रूप में बाहर निकालने में मदद करती है।
Credit: iStock
यह मुंह को पानी की सतह के पास लाती है और दबाव बनाकर पानी का निशाना ऊपर की ओर छोड़ती है। इस तरह पानी की धार कीड़े तक पहुंचती है।
Credit: iStock
आर्चरफिश पानी के ऊपर पत्तों, टहनियों या दूसरी सतहों पर बैठे कीड़ों को पहचान सकती है। फिर यह उनके ऊपर पानी की धार छोड़ती है।
Credit: iStock
निशाना सही लगने पर कीड़ा नीचे पानी में गिर जाता है और मछली उसे खाने की कोशिश करती है। इसकी सबसे अनोखी बात यह है कि शिकार करते समय इसकी आंखें पानी के अंदर रह सकती हैं, जबकि निशाना पानी के बाहर होता है।
Credit: iStock
पानी से हवा में देखने पर चीजों की जगह बदली हुई दिखाई दे सकती है। इसके बावजूद आर्चरफिश अपने शिकार पर निशाना लगाने में माहिर होती है।
Credit: iStock
अपने सटीक निशाने की वजह से ही इस मछली को आर्चर फिश का नाम मिला। आर्चरफिश की कुछ प्रजातियां पानी की धार से पानी की सतह से करीब 2 मीटर ऊपर बैठे कीड़ों को गिरा सकती हैं।
Credit: iStock
हालांकि, इसकी वास्तविक पहुंच मछली की प्रजाति, शिकार की ऊंचाई और दूसरी परिस्थितियों पर निर्भर करती है। आर्चरफिश की निशाना लगाने की क्षमता शानदार है, लेकिन इसका हर निशाना सफल हो, यह जरूरी नहीं।
Credit: iStock
आर्चरफिश की पहचान पानी की धार से कीड़ों का शिकार करने के लिए है। हालांकि, इसका भोजन केवल पानी के ऊपर रहने वाले कीड़ों तक सीमित नहीं है। कुछ प्रजातियां पानी में मौजूद छोटे जीवों और अन्य खाद्य पदार्थों को भी खाती हैं।
Credit: iStock
इस स्टोरी को देखने के लिए थॅंक्स