मुगल बादशाह ने बेटी के प्यार में बसा दिया था पूरा बाजार, अब है भारत की शान

Ravi Vaish

Jul 26, 2025

​​मुगलों के बनाए किले और इमारतें​​

भारतीय इतिहास में मुगलों के बनाए किले और कई इमारतें और बाजार आज भी भारत की शान बने हुए हैं

Credit: wikimedia/canva

​​चांदनी चौक​​

दिल्ली का जिक्र होते ही वहां के चांदनी चौक (chandni chowk) की तस्वीर जरूर जेहन में आती है

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​​ चांदनी चौक बहुत ही पुराना बाजार​​


गौरतलब है कि दिल्ली का चांदनी चौक बहुत ही पुराना बाजार है और इसका इतिहास 370 साल से भी ज्यादा पुराना है

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​​शाहजहानाबाद के नाम से जाना जाता था​​

इतिहासकारों के मुताबिक पहले इस जगह को शाहजहानाबाद के नाम से जाना जाता था वहीं मुगल बादशाह शाहजहां की बेटी जहांआरा को खरीदारी करने का बेहद शौक था

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​​शाहजहां की बेटी जहांआरा ​​

शाहजहां की बेटी जहांआरा दिल्ली के अलग-अलग बाजारों से सामान खरीदकर लाती थी शाहजहां को उसके इस शौक के बारे में पता चला

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​​शाहजहां ने बाजार बनवाने की सोची​​

तब शाहजहां ने एक ऐसा बाजार बनवाने की सोची जहां हर सामान एक ही जगह पर उपलब्ध हो, इस बाजार का नाम पड़ा चांदनी चौक जो बेहद ही प्रसिद्ध बाजार है

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​​शाहजहां ने बेटी के खरीदारी के शौक को किया पूरा ​​

शाहजहां ने अपनी बेटी के इस शौक को पूरा करने के लिए दिल्ली के लाल किले के आगे पूरा एक बाजार बसा दिया था जो बाद में फैलता ही चला गया

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​​चांदनी चौक का निर्माण साल 1650 में शुरू हुआ​​


चांदनी चौक का निर्माण साल 1650 में शुरू हुआ था इस बाजार के बीच की जगह खाली छोड़ी गई थी, जिसमें से यमुना नदी का पानी आता था पर अब स्थिति ऐसी नहीं है यहां का पानी सूख चुका है

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​​चांदनी चौक की पहचान आज देश से लेकर विदशों तक ​

दिल्ली के चांदनी चौक की पहचान देश से लेकर विदशों तक में है और हर तरह की खरीदारी के लिए इस बाजार की बेहद प्रसिद्धि है क्योंकि यहां सब कुछ मिल जाता है

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