अगर आप से कोई पूछे कि टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे बड़ी जीत कितने रनों की है तो आप थोड़ी देर सोच विराच करेंगे। फिर याद करें और दिमाग पर जोर डालेंगे। हो सकता है आपको याद आए या फिर ना आए। तो चलिए उधेड़बुन को साइड में रखते हैं कि टी20I में सबसे बड़ी जीत का विश्व रिकॉर्ड कितने रनों का है और यह कब हुआ।
मौका था, टी20 विश्व कप अफ्रीका उप-क्षेत्रीय क्वालीफायर टूर्नामेंट का। तारीख दी थी 23 अक्टूबर 2024 और मुकाबला जिम्बाब्वे और गाम्बिया के बीच था। जिम्बाब्वे ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। पहले विकेट के लिए ब्रायन बेनेट (50) और मरुमानी (62) ने 98 रन जोड़े। इसके बाद कप्तान सिकंदर रजा का तूफान देखने को मिला।
सिकंदर रजा का उसका दिन बल्ला जमकर गरजा। सिकंदर रजा ने रिकॉर्ड 33 गेंद पर शतक पूरा किया। रचा 43 गेंद पर 133 रन बनाकर नाबाद रहे। उन्होंने इस पारी में 15 छक्के और 7 चौके लगाए। क्लाइव मंडाडे 53 रन बनाकर नाबाद लौटे। उन्होंने 17 गेंद में 53 रन की पारी खेली।
नैरोबी में खेले गए मैच में जिम्बाब्वे ने 4 विकेट पर 344 रन बनाए। जिम्बाब्वे की पारी में 30 चौके और 27 छक्के लगे, जो रिकॉर्ड है। साथ ही टी20I में सर्वाधिक टीम टोटल बनाने का नया रिकॉर्ड बना दिया। इससे पहले नेपाल ने 314 रन बनाए थे और अपनी पारी में कुल 26 छक्के जड़े थे।
वहीं, जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा ने टी20I क्रिकेट की संयुक्त रूप से तीसरा सबसे तेज शतक जड़ने का रिकॉर्ड बनाया। नामीबिया के जॉन निकोल लॉफ्टी ईस्टन ने 33 बॉल पर नेपाल के खिलाफ यह करानामा किया था।
रिकॉर्ड टूटने और बनने का सिलसिला यहीं नहीं रुका। 345 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी गाम्बिया टीम के बल्लेबाज आए और गए की तर्ज पर मैदान पर उतरे। गाम्बिया के बल्लेबाजों का स्कोर मोबाइल नंबर की तरह 5, 0, 7, 4, 7, 1, 2, 2, 0, और 0 रहे। गाम्बिया की पूरी टीम महज 54 रन पर सिमट गई।
जिम्बाब्वे ने 290 रन से यह मुकाबला अपने नाम किया। यह टी20I में रनों के हिसाब से सबसे बड़ी जीत रही। इससे पहले नेपाल ने मंगोलिया को 273 रन से हराया था। जिम्बाब्वे की ओर से तेज गेंदबाज रिचर्ड नगारवा ने 3 विकेट चटकाए, जबकि ब्रेंडन मावुता के खाते में भी 3 विकेट गए। वेस्ले मधवीरे ने भी दो विकेट हासिल किए।