इंडियन प्रीमियर लीग में कुछ ना कुछ नया और कभी-कभी हैरान करने वाला होता ही रहता है। इस बार पंजाब और दिल्ली के बीच हुए मैच में कुछ ऐसा हो गया, जो थी तो रणनीति लेकिन बन गया ऐसा रिकॉर्ड जिसने आईपीएल इतिहास के सबसे सफल गेंदबाज को भी सिर्फ दर्शक बनाकर रख दिया।
आईपीएल 2026 में पहली बार कोई मैच धर्मशाला में खेला गया। आमने-सामने थीं पंजाब किंग्स और दिल्ली कैपिटल्स की टीमें। मुकाबले में एक बार फिर रनों की बारिश हुई लेकिन अंत में सबसे बड़ा रिकॉर्ड बॉलर्स ने बनाया।
पंजाब किंग्स की टीम इस मैच में पहले बल्लेबाजी के लिए उतरी थी। प्रियांश आर्य (56 रन) और कप्तान श्रेयस अय्यर (नाबाद 59 रन) की अर्धशतकीय पारियों के बदौलत पंजाब की टीम ने एक बार फिर पंजाब को 200 रन के पार पहुंचा दिया। पंजाब किंग्स के लिए अंत में सूर्यांश शेडगे ने भी 8 गेंदों में नाबाद 21 रनों की तेज पारी खेली जिसकी वजह से उन्होंने निर्धारित ओवरों में 210 रन बनाए।
दिल्ली कैपिटल्स की टीम जब लक्ष्य का पीछा करने उतरी तो उनके सामने 211 रनों की बड़ी चुनौती थी। दिल्ली ने अपने शीर्ष चार बल्लेबाजों के विकेट सिर्फ 74 रन पर गंवा दिए। इस दौरान पंजाब किंग्स के तेज गेंदबाज दिल्ली की टीम पर पूरी तरह हावी रहे। अर्शदीप सिंह ने शुरुआती चार विकेटों में दो विकेट झटके, एक विकेट यश ठाकुर ने लिया जबकि ट्रिस्टन स्टब्स रन आउट हो गए।
खराब शुरुआत के बाद कप्तान अक्षर पटेल और डेविड मिलर ने पांचवें विकेट के लिए 34 गेंदों में 64 रनों की शानदार पार्टनरशिप को अंजाम देकर मैच का रुख फिर से पलट दिया। अक्षर ने 56 रन, जबकि अनुभवी दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाज डेविड मिलर ने 51 रनों की पारी खेली। अंतिम ओवरों में जब पंजाब मैच के गेंदबाज दिल्ली को थामने का प्रयास कर रहे थे तब आशुतोष शर्मा ने 24 रन और माधव तिवारी ने सिर्फ 8 गेंदों में नाबाद 18 रन बना दिए। फिर 18वें ओवर की आखिरी गेंद पर आकिब नबी ने एक शानदार छक्का लगाकर दिल्ली को जीत दिला दी।
दिल्ली की जीत और पंजाब की हार के बीच बड़े रिकॉर्ड किसी एक खिलाड़ी या टीम के नाम नहीं हुए। बल्कि सबसे दिलचस्प रिकॉर्ड दोनों टीमों के तेज गेंदबाजों ने बना दिया। दरअसल, इस मैच में 39 ओवर फेंके गए और ये सभी ओवर तेज गेंदबाजों ने किए। ये टी20 क्रिकेट इतिहास में एक टी20 मैच में जिसमें सभी ओवर समाप्त हुए, उसमें एक नया वर्ल्ड रिकॉर्ड है।
पंजाब किंग्स ने ये मैच गंवा दिया इसके पीछे की बड़ी वजह इस रिकॉर्ड से जुड़ी भी रही। दरअसल, उन्होंने अपने सारे ओवर तेज गेंदबाजों से कराए, जबकि उन्होंने एक भी ओवर युजवेंद्र चहल से नहीं कराया जो ना सिर्फ आईपीएल इतिहास के सबसे महंगे (18 करोड़) भारतीय गेंदबाज हैं बल्कि IPL इतिहास में 229 विकेट लेकर टूर्नामेंट के इतिहास के सबसे सफल गेंदबाज भी हैं।
आईपीएल में इससे पहले 2008 में जब टूर्नामेंट शुरू हुआ था तब बेंगलुरू और चेन्नई के बीच खेले गए मैच में इससे ज्यादा गेंदबाजी तेज गेंदबाजों द्वारा कराई गई थी। आरसीबी और सीएसके के बीच 18 साल पहले खेले गए उस मैच में 39.4 ओवर तेज गेंदबाजों ने डाले थे। हालांकि उस मैच में 40वां ओवर समाप्त नहीं हुआ था।