काशी महाकाल एक्सप्रेस में एक सीट भगवान शिव के लिए आरक्षित, ओवैसी ने विरोध में याद दिलाई संविधान की प्रस्तावना

देश
 सृष्टि वर्मा
Updated Feb 17, 2020 | 08:45 IST

Kashi-Mahakal Express: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को वाराणसी जंक्शन से जिस काशी-महाकाल एक्सप्रेस को हरी झंडी देकर रवाना किया उस ट्रेन में एक सीट भगवान शिव के लिए आरक्षित की गई है।

kashi mahakal express
काशी महाकाल एक्सप्रेस  |  तस्वीर साभार: ANI

नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार को वाराणसी दौरे पर थे जहां उन्होंने कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने काशी-महाकाल एक्सप्रेस का भी उद्घाटन किया जो वाराणसी से होकर इंदौर तक जाएगी। इंदौर और उसके पास ही उज्जैन के महाकाल मंदिर के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं के लिए एक बड़ा तोहफा माना जा रहा है। हालांकि उद्घाटन के साथ ही एक्सप्रेस को लेकर विवाद भी छिड़ गया है।

दरअसल मामला ये है कि एक्सप्रेस के कोच संख्या B5 के सीट नंबर 64 को भगवान शिव के लिए आरक्षित किए जाने की योजना है। इसका साफ मतलब ये है कि कोच का एक बर्थ पूरी तरह से भगवान शिव को समर्पित होगा और उस सीट के लिए आम आदमी टिकट आरक्षित नहीं करवा सकता है। 

एसी कोच का एक बर्थ भगवान शिव के लिए
रेलवे के अधिकारियों ने बताया कि काशी महाकाल एक्सप्रेस (वाराणसी-इंदौर) में कोच नंबर B5 की बर्थ संख्या 64 को भगवान शिव के लिए रिजर्व करने का काम चल रहा है। इस सीट को भगवान शिव के एक छोटे से मंदिर के रुप में तब्दील किया जाएगा, जहां पर लाल कपड़ों में लिपटे हुए भगवान शिव की मूर्ति रखी जाएगी और उस छोटे से मंदिर को सजाया जाएगा।

पीएम मोदी रविवार को दिखाई है हरी झंडी
बता दें कि रविवार को ही अपने वाराणसी दौरे के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए इस ट्रेन को हरी झंडी दिखाई थी। यह ट्रेन दो राज्यों के तीन ज्योतिर्लिंगों इंदौर के पास ओंकारेश्वर, उज्जैन का महाकालेश्वर और वाराणसी के काशी विश्वनाथ को जोड़ते हुए यात्रा करेगी। पीएम मोदी ने 16 फरवरी को इसे वाराणसी जंक्शन से हरी झंडी दिखाई, जिसके बाद ये ट्रेन 20 फरवरी से नियमित तौर पर चलेगी। 

64 नंबर अपर बर्थ को बनाया जाएगा मिनी टेंपल
इसी बीच रेलवे अधिकारियों ने सीट पर अभी फिलहाल भगवान शिव की फोटो को रखकर औपचारिक तौर पर उसे भगवान के लिए आरक्षित कर दिया है। इसे जल्द ही छोटे से मंदिर में तब्दील करने का काम किया जाएगा। रेलवे अधिकारियों के मुताबिक किसी खास मौके पर खास दिन पर सीट पर बैठे यात्री यात्रा करते-करते भगवान शिव की पूजा आराधना कर सकते हैं।   

ओवैसी ने जताया विरोध
एआईएमआईएम के असदुद्दीन ओवैसी ने इस पर विरोध जताते हुए सरकार को संविधान की प्रस्तावना याद दिलाई है। उन्होंने ट्वीट करते हुए संविधान की प्रस्तावना की एक कॉपी की पोस्ट करते हुए इसका विरोध जताया है। इसके जरिए उन्होंने समाज के सभी धर्मों के लोगों को दिए गए बराबर अधिकार व समानता के बारे में बताने की कोशिश की है। 

रेलवे दे रहा कई लुभावने टूरिस्ट पैकेज
पीएम ने अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी को 1200 करोड़ रुपये से अधिक की 40 विकास परियोजाओं की सौगात दी। मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए इस एक्सप्रेस की शुरुआत की गई है जिसमें कई तरह के टूरिस्ट पैकेज भी लैंच किए गए हैं। एसी होटल में ठहरने की व्यवस्था, एसी बसों में स्थानीय भ्रमण, सुबह नाश्ता और रात के खाने की व्यवस्था से लेकर कई लुभावने पैकेज हैं। 

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