भेदभावपूर्ण और विभाजनकारी है CAA, भारतीयों को धार्मिक आधार पर बांटना है इसका उद्देश्य: सोनिया गांधी

देश
किशोर जोशी
Updated Jan 11, 2020 | 18:49 IST

कांग्रेस की अतंरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी ने आज दिल्ली में आयोजित कांग्रेस वर्किंग कमेटी के दौरान कहा कि नागरिकता संशोधन कानून एक विभाजनकारी कानून है जिसके खिलाफ खड़ा होना जरूरी है।

Congress interim President Sonia Gandhi says CAA is a discriminatory and divisive law
CAA एक विभाजनकारी कानून, विभाजित करना इसका उद्देश्य: सोनिया  |  तस्वीर साभार: BCCL

मुख्य बातें

  • सीएए भेदभावपूर्ण और विभाजनकारी है। इसका उद्देश्य भारतीयों को धार्मिक आधार पर बांटना है: सोनिया गांधी
  • कानूनों, न्याय और सम्मान की समान सुरक्षा के लिए लाखों कांग्रेस कार्यकर्ता देशवासियों के साथ खड़े हैं- सोनिया गांधी
  • कांग्रेस कार्य समिति की बैठक में सोनिया गांधी सहित कई कांग्रेसी दिग्गज नेता हुए शामिल

नई दिल्ली: कांग्रेस की शीर्ष नीति निर्धारण इकाई कांग्रेस कार्य समिति (सीडब्ल्यूसी) की शनिवार बैठक हुई जिसमें संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) के खिलाफ प्रदर्शनों और जेएनयू में हमले के बाद बने हालात तथा मौजूदा आर्थिक परिदृश्य पर चर्चा की गई। बैठक पार्टी की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी की अध्यक्षता में हुई जिसमें पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, पार्टी के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल, महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा, वरिष्ठ नेता अहमद पटेल, मल्लिकार्जुन खड़गे और कई अन्य नेता शामिल हुए।

बैठक के दौरान सोनिया गांधी ने नागरिकता संशोधन कानून को भेदभावपूर्ण और विभाजनकारी बताते हुए कहा कि इसका उद्देश्य भारतीयों को धार्मिक आधार पर बांटना है। उन्होंने कहा कि सीएए हमारे लिए सबसे बड़ा और पहला मुद्दा है। कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष ने कहा, 'सीएए एक भेदभावपूर्ण और विभाजनकारी कानून है। कानून का भयावह उद्देश्य हर देशभक्त, सहिष्णु और धर्मनिरपेक्ष भारतीय के लिए स्पष्ट है और वह ये है कि यह धार्मिक आधार पर भारतीय लोगों को विभाजित करना है।'

 

नरेंद्र मोदी सरकार पर तीखा हमला करते हुए सोनिया गांधी ने कहा कि कि जेएनयू और अन्य जगहों पर युवाओं एवं छात्रों पर हमले की घटनाओं के लिए उच्च स्तरीय आयोग के गठन किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा 'नए साल की शुरुआत संघर्षों, अधिनायकवाद, आर्थिक समस्याओं, अपराध से हुई है।  जेएनयू, जामिया मिल्लिया इस्लामिया और कुछ अन्य जगहों पर युवाओं और छात्रों पर हमले की घटनाओं की जांच के लिए विशेषाधिकार आयोग का गठन किया जाए।'

बैठक के दौरान सोनिया गांधी ने कहा, 'सीडब्ल्यूसी को स्पष्ट रूप से यह घोषणा करनी चाहिए कि भारत के लोगों के साथ समानता, कानूनों, न्याय और सम्मान की समान सुरक्षा के लिए लाखों कांग्रेस कार्यकर्ता उनके संघर्ष में कंधे से कंधा मिलाकर खड़े होंगे।'

India News in Hindi (इंडिया न्यूज़), Times now के हिंदी न्यूज़ वेबसाइट -Times Network Hindi पर। साथ ही और भी Hindi News (हिंदी समाचार) के अपडेट के लिए हमें गूगल न्यूज़ पर फॉलो करें.

Times now
Mirror Now
ET Now
zoom Live
Live TV
अगली खबर